SB 10.53.14
एवं चेदिपती राजा दमघोष: सुताय वै ।
कारयामास मन्त्रज्ञै: सर्वमभ्युदयोचितम् ॥ १४ ॥
कारयामास मन्त्रज्ञै: सर्वमभ्युदयोचितम् ॥ १४ ॥
evam — in the same way; cedi-patiḥ — the lord of Cedi; rājā damaghoṣaḥ — King Damaghoṣa; sutāya — for his son (Śiśupāla); vai — indeed; kārayām āsa — had done; mantra-jñaiḥ — by expert knowers of mantras; sarvam — everything; abhyudaya — to his prosperity; ucitam — conducive.
भावार्थ
Rājā Damaghoṣa, lord of Cedi, had also engaged brāhmaṇas expert in chanting mantras to perform all rituals necessary to assure his son’s prosperity.
बेस- पूरे विश्व में वैदिक संस्कृति सिखाने का लक्ष्य
©2020 BACE-भक्तिवेदांत सांस्कृतिक और शैक्षणिक संस्था
www.vedabace.com यह वैदिक ज्ञान की विस्तृत जानकारी है जो दैनिक साधना, अध्ययन और संशोधन में उपयोगी हो सकती है।
अधिक जानकारी के लिए कृपया संपर्क करें - info@vedabace.com